नशा करना तेजी से क्यों फैलता है?
जवानी की दहलीज पर कदम रखते ही जो युवक नशे की लत का शिकार हो रहे हैं, उन्हें अब एचआइवी (एड्स का वायरस) का डंक भी लग रहा है। इंजेक्शन से नशा करने वाले युवाओं में 40 फीसद से ज्यादा एचआइवी का शिकार हो चुके हैं। एक तरफ नशा फैल रहा है तो उसके साथ-साथ एचआइवी भी पांव पसार रहा है।
दरअसल, अब तक तो असुरक्षित यौन संबंध ही एड्स के वायरस एचआइवी के फैलने का कारण बन रहा था, मगर नए आंकड़ों के मुताबिक इंजेक्शन से नशा करना युवाओं में एचआइवी के फैलने का सबसे बड़ा कारण बन रहा है। नशे की गिरफ्त में आने के बाद एचआइवी से बचने का इन युवाओं को ध्यान ही नहीं रहता। ----पांच नए केस इसी महीने आए सामने दरअसल, एचआइवी का संक्रमण अब फैल रहा है। पिछले दो साल से बहादुरगढ़ में एचआइवी के पॉजीटिव मामलों में प्रत्याशित वृद्धि दर्ज की गई है। साल भर में जो पॉजीटिव केस 40 से 45 के बीच मिलते थे, उनकी संख्या अब 60 से ऊपर जा रही है। पिछले साल यह आंकड़ा और बढ़ा है। चिता का विषय तो यह है कि 50 फीसद मामलों में पति-पत्नी दोनों ही संक्रमित हो रहें हैं और इससे भी आगे अब जो नवयुवक नशे की गिरफ्त में हैं, वे भी एचआइवी संक्रतित हो रहे हैं। वर्ष 2016 में बहादुरगढ़ के आइसीटीसी में 9 हजार लोगों का एचआइवी टेस्ट हुआ। इनमें से 40 लोग पॉजीटिव पाए गए थे। 2017 में 10 हजार 620 लोगों का टेस्ट हुआ। इनमें से 61 पॉजीटिव मिले थे। वर्ष 2018 में साढ़े 9 हजार से ज्यादा लोगों का टेस्ट हुआ और 60 से ज्यादा पॉजीटिव पाए गए। इस साल में अभी तक 10 केस सामने आ चुके हैं। इनमें से पांच तो एक महीने के अंदर मिले हैं और ये सभी वे नवयुवक हैं, जो इंजेक्शन से नशा करते हैं। कई तो किशोरावस्था में ही नशे के आदि हो चुके हैं। पूर्ण गुरु के सत्संग सुनने से सर्व बुराइयां जड़ से खत्म हो जाती हैं कैसा भी नशा हो वह आध्यात्मिक ज्ञान के प्रभाव से छूट जाता है वर्तमान में संत रामपाल जी महाराज जी आध्यात्मिक गुरु है जो भयंकर जानलेवा नशे की लत से छुटकारा दिलाते हैं उनके अनुयायी नशीली वस्तुओं के हाथ तक नहीं लगाते हैं इतनी बुरी व घटिया चीज है।
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